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सचेतन — 29 “कारण-शरीर — वह रहस्य जो आप हर रात भूल जाते हो”

नमस्कार। आप को एक बहुत बड़ी mystery solve करने जा रहे हैं। हर रात आप सोते हो। और कुछ घंटों के लिए आप गायब हो जाते हो। आप को पता नहीं चलता कि कहाँ गए। क्या किया। कुछ याद नहीं। लेकिन फिर आप वापस आ जाते हो। यह क्या है? यह mystery क्या है? इसका […]

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सचेतन — 28: “सत्त्वगुण — जब जीवन शांत और खुबसूरत हो जाता है””सत्त्वगुण — जब जीवन शांत और सुंदर हो जाता है ✨”

नमस्कार। आपने अभी तक दो गुणों के बारे में सुना। रजोगुण — जो आपको भागने पर मजबूर करता है। तमोगुण — जो आपको सोने देता है। लेकिन एक तीसरा गुण भी है। जो आपके जीवन को सुंदर, शांत और खुशनुमा बना देता है। उसका नाम है सत्त्वगुण। आपने इसे अभी notice किया नहीं होगा। लेकिन […]

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सचेतन — 27 “तमोगुण — आप सो तो नहीं रहे जागते हुए? 😴”

नमस्कार। क्या आपको कभी लगा है कि आप सब कुछ जानते हैं लेकिन वास्तव में कुछ नहीं जानते? क्या आप confusion में रहते हैं? क्या आप कुछ करने की सोचते हैं लेकिन करते नहीं? अगर हाँ, तो आप तमोगुण की गिरफ्त में हो सकते हैं। क्या है तमोगुण? सुनिए। अजय का Denial अजय एक 45 […]

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सचेतन — 26: “रजोगुण — तुम्हें अंदर से कुरेद रहा है””रजोगुण — तुम्हें कभी शांत नहीं रहने देता! 🔥”

नमस्कार। तुम्हारे अंदर एक चीज़ है जो तुम्हें कभी शांत नहीं रहने देती। काम करो। फिर और काम। फिर और काम। Desire होती है। फिर गुस्सा आता है। फिर ईर्ष्या होती है। कभी शांत नहीं होते। क्या है यह शक्ति? सुनो। राज की Ambition राज एक software engineer है। उसका सपना है — बहुत बड़ा […]

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सचेतन — 25 “माया — दुनिया की सबसे बड़ी जादू””दुनिया एक जादू है — और तुम फँसे हो! 🌍✨”

नमस्कार। दुनिया एक जादू है। हाँ, जादू। और तुम उसी में फँसे हो। क्या है यह जादू? किसने किया? कैसे खत्म होता है? सुनो। रस्सी और सांप रात को अंधेरा है। एक आदमी सोने जा रहा है। अचानक उसे दिखता है — एक सांप! बेड के पास ही सांप! आदमी चिल्लाता है। भागता है। “बचाओ! […]

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सचेतन — 24 “प्रेम की आत्मार्थता — तुम सब कुछ अपने लिए ही प्यार करते हो”

“तुम जो प्यार करते हो, असल में अपने आप को ही प्यार करते हो! 💕” नमस्कार। एक गहरी बात सुनो। तुम जो भी प्यार करते हो, वह असल में अपने आप को ही प्यार करते हो। हाँ, सुना है? तुम्हारा बेटा प्यारा है। लेकिन असल में? तुम अपने आप को प्यार कर रहे हो। क्या […]

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🎙️ सचेतन — 23 अहंकार — जो तुम्हें सुख और दुख देता है 

नमस्कार। तुम्हारे सारे दुख एक चीज़ से आते हैं। उसका नाम है अहंकार। क्या है अहंकार? और क्यों दुख देता है? सुनो। अमन की जीत अमन एक sports tournament में है। Running competition। वह जीत जाता है। अब क्या होता है? अमन  का सीना फूल जाता है। वह सब को बताता है। “मैं ने जीता। […]

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जून  1 -2026 सचेतन — 22: “प्राण के धर्म — शरीर की अपनी भाषा है”

नमस्कार। तुम्हारा शरीर अपने आप से काम करता है। तुम्हें करना नहीं पड़ता। यह automatic है। क्या automatic है? सुनो। राज की Hunger राज एक office में बैठा है। Meeting चल रही है। Important presentation दे रहा है। लेकिन अचानक क्या होता है? उसका पेट बोलता है। Gurgling की आवाज़। सब सुनते हैं। राज embarrassed […]

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सचेतन — 21: “सूक्ष्म शरीर — तुम्हारे भीतर एक दूसरा शरीर है”

“तुम्हारे पास दो शरीर हैं! एक दिख रहा है, एक नहीं 👻” नमस्कार। तुम्हारे पास दो शरीर हैं। एक जो दिख रहा है।स्थूल शरीर। एक जो नहीं दिख रहा। सूक्ष्म शरीर। क्या difference है? सुनो। राज का सपना राज रात को सोता है। सपने में क्या होता है? राज एक ताज़महल देख रहा है। वो […]

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सचेतन —19: “तुम्हारे भीतर 4 शक्तियाँ हैं”

नमस्कार। तुम्हारे भीतर 4 शक्तियाँ हैं। ये अक्सर लड़ती रहती हैं। चलो, समझते हैं। आदित्य आदित्य एक student है। उसके सामने एक सवाल है। Job करूँ या business शुरू करूँ? एक दिन कहता है — “Job सुरक्षित है।” अगले दिन — “नहीं, business करूँ।” फिर — “पहले experience ले लूँ।” ये सप्ताह भर चलता है। […]